अइसन पेड़ लगावव, जेमा होवय चिरई मन के चहचहई: डॉ. रमन सिंह


  • मुख्यमंत्री के अध्यक्षता म मंत्रालय म हरियर छत्तीसगढ़ के तैयारी के बैठक

  • अभियान म प उर साल करे गए वृक्षारोपण के होही सोशल ऑडिट

  • ए साल लगाए गए पौधा मन के फोटो सोशल मीडिया म अपलोड़ करे के निर्देश

रायपुर, 13 जून 2017। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह हर ए साल मानसून के समय हरियर छत्तीसगढ़ अभियान के तहत प्रदेश भर म जादा ले जादा संख्या म अइसन पेड़ लगाए के निर्देश दे हावंय, जेमा चिरई मन के चहल-पहल होए। मुख्यमंत्री आज इहां मंत्रालय (महानदी भवन) म हरियर छत्तीसगढ़ वृक्षारोपण महाअभियान के तैयारी के समीक्षा करत रहिन। उमन कहिन -सड़क मन के तीर सघन छायादार पेड़ लगाए जाना चाही। संगेच घर मन के खाली जघा म लोगन मन फलदार पेड़-पौधा लगावंय अउ बेटी, प्रियजन अउ परिजन मन के नाम म वृक्षारोपण करे बर लोगन ल प्रोत्साहित करना चाही। डॉ. सिंह हर अभियान के तहत ए साल आयोजित होवइया वृक्षारोपण कार्यक्रम मन म लगाए गए पौधा मन के फोटो सोशल मीडिया (फेसबुक अउ वाट्सएप्प) म घलोक अपलोड करे के निर्देश दे हावंय, ताकि आघू साल के अभियान के पहिली ओखर प्रगति के समीक्षा करे जा सकय।
उमन बैठक म अधिकारी मन ल अभियान के तहत पाछू साल प्रदेश भर म करे गए वृक्षारोपण के थर्ड पार्टी सोशल आडिट करवाए के घलोक निर्देश दीन। डॉ. सिंह हर वन विभाग ल साल 2017 म कई प्रजाति मन के पौधा तइयार करे बर 400 नर्सरी विकसित करे के घलोक लक्ष्य दीन। मुख्यमंत्री हर बैठक म उपस्थित औद्योगिक प्रतिष्ठान मन के प्रतिनिधि मन से कहिन कि ऊंखर उद्योग परिसर मन म स्वच्छ पर्यावरण बर बहुत संख्या म पेड़ लगाए जाना चाही।
डॉ. सिंह हर पीपर, बर आदि वृक्ष मन के संरक्षण अउ ऊंखर रोपण के जरूरत म घलोक बल दीन। उमन कहिन - राजधानी रायपुर म पीपर के 25 हजार पेड़ लगाय बर ‘पीपल फॉर पीपर’ अभियान शुरू करे गए हावय। पीपर के वृक्ष चौबीसों घंटा ऑक्सीजन देथे। मुख्यमंत्री ह कहिन कि सड़क मन के तीर छायादार वृक्ष मन के पौधा लगाए जाना चाही। उमन उद्यानिकी विभाग अउ वन विभाग ल प्रदेश भर म ए साल बारिश के समय फलदार पौधा जादा ले जादा संख्या म निःशुल्क वितरित करे के घलोक निर्देश दीन। उमन कहिन कि राज्य म लोगन ल घर के बारी या अंगना म जघा के अनुसार लीम, आमा, कटहर, आंवला, बदाम, बेल, पपीता, मुनगा आदि स्वास्थ्य वर्धक पेड़ के पौधा लगाय बर प्रोत्साहित करना चाही। डॉ. सिंह हर कहिन कि राज्य के बिलासपुर ले हर साल लगभग दो करोड़ 25 लाख रूपिया के मुनगा पश्चिम बंगाल भेजे जाथे। सब्जी के रूप म उपयोगी मुनगा के खेती किसान मन के संगें-संग आम नागरिक मन बर घलोक लाभदायक हो सकत हावय। उमन हर जिला म जिला, तहसील अउ विकासखंड स्तर म शासकीय जमीन के उपलब्धता के अनुसार ऑक्सीजोन विकसित करे के जरूरत म घलोक बल दीन।
डॉ. सिंह हर बैठक म कहिन कि ए साल एक जुलाई ले 15 अगस्त तक प्रदेश के सब्बो कलेक्टोरेट, जनपद पंचायत कार्यालय, तहसील कार्यालय अउ वन विभाग के कार्यालय मन म लोगन ल फलदार अउ औषधीय पौधा जादा ले जादा संख्या म निःशुल्क वितरित करे जाय। डॉ. सिंह हर कहिन वृक्ष मन के नीचे अंतरवर्तीय फसल के घलोक खेती हो सकत हावय। डॉ. सिंह हर कहिन - सार्वजनिक वृक्षारोपण वाले हरेक पांच हेक्टेयर म सोलर पम्प लगाके पेड़-पौधा मन के नियमित सिंचाई करे जानी चाही। उमन एला बजट म सामिल करे के घलोक आदेश दीन। मुख्यमंत्री हर कहिन - सरगुजा संभाग म बांस के पौधा के विकास काफी अच्छा ढंग से होवत हावय। एखर खातिर उहां बांस रोपण ल विशेष प्राथमिकता दे जाय। मुख्यमंत्री ल बैठक म वन विभाग के तरफ से बताय गीस कि पाछू साल मानसून के समय प्रदेश म ए अभियान के तहत आठ करोड़ 89 लाख पौधा लगाए गए रहिस। ए साल घलोक आठ करोड़ 90 लाख पौधा लगाय के लक्ष्य हावय। येमां ले कई विभाग मन ल आठ करोड़ पौधा लगाए के लक्ष्य दे गए हे। बैठक म ए लक्ष्य ल विभागावार आवंटित करत सब्बो संबंधित विभाग मन ल शासकीय जमीन, स्कूल-कॉलेज परिसर, छात्रावास अउ आश्रम विद्यालय परिसर संग आन स्थान मन म पौधा लगाय के निर्देश देहे गीस। बैठक म वन मंत्री श्री महेश गागड़ा, मुख्य सचिव श्री विवेक ढांड, पंचायत अउ ग्रामीण विकास के अपर मुख्य सचिव श्री एम.के राउत, वाणिज्य अउर उद्योग विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री एन. बैजेन्द्र कुमार, योजना अउ आर्थिक सांख्यिकी विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री सुनील कुजूर, वन विभाग के प्रमुख सचिव वन श्री आर.पी. मण्डल आवास अउ पर्यावरण विभाग के प्रमुख सचिव श्री अमन कुमार सिंह संग कई विभागों के सचिव स्तर के वरिष्ठ अधिकारी अउ कई औद्योगिक प्रतिष्ठान मन के प्रतिनिधि उपस्थित रहिन।
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About gurturgoth.com

ठेठ छत्तीसगढ़िया. इंटरनेट में 2007 से सक्रिय. छत्तीसगढ़ी भाषा की पहली वेब मैग्‍जीन और न्‍यूज पोर्टल का संपादक. पेशे से फक्‍कड़ वकील ऎसे से ब्लॉगर.
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