सुरता कोदूराम “दलित” काव्य गोष्ठी के सफल आयोजन

ए हप्‍ता के एक तारीख के दिन भाटापारा म अभिव्यक्ति साहित्य समिति कोति ले राजभाषा आयोग के सहयोग ले सुरता कोदूराम “दलित” काव्य गोष्ठी के सफल आयोजन करे गीस। ये कार्यक्रम के माई पहुना रहिन छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग के यशस्वी अध्यक्ष श्री विनय पाठक अउ अध्यक्षता करिन वरिष्ठ साहित्यकार श्री बलदेव भारती, खास पहुना अरुण निगम अपन पूरा परिवार संग उपस्थित रहिन।
मुख्य वक्ता वरिष्ठ साहित्यकार श्री रवि श्रीवास्तव अउ आदरणीय दुबे रहिन, जेमा दुनो वक्ता मन जनकवि कोदूराम “दलित” जी के जिनगी ले जुरे कइठन बात ला बताइन, कि दलित जी हा गुलाम भारत के आजाद कवि रहिन जे मन अपन कविता के माध्यम ले गाँव गरीब किसान के गोठ के संगे-संग नेता मन ऊपर घलो व्यंग करंय। दलित जी मन उही समय अपन रचना मनमा अवइया समय के घलो उल्लेख करे हावय। जेमा बताय हवय की हमर आने वाला पीढ़ी मन कइसे होहीं। अइसन परकार के चिंतन घलो उखर रचना मनमा देखे बर मिलिस, आदरणीय दलित जी के सुप्रसिद्ध गीत – हासत कुलकत मटकत रेंगय, बेल बेलही टुरी ला उंखर नाती श्री अभिषेक निगम जी हा अपन मधुर स्वर मा गाके सुनाइन, ये कार्यक्रम मा भाटापारा के साहित्यकार मनके संगे-संग दूर दराज आस पड़ोस के सबो साहित्यकार मन सकलाय रहिन। कार्यक्रम के दूसर सत्र मा काव्यपाठ घलो होइस। कार्यक्रम के संचालन अभिव्यक्ति साहित्य समिति के अध्यक्ष अजय “अमृतांशु” करिन।